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October 22, 2026
Pahadi Samachar
उत्तराखंडदेहरादूननई दिल्ली

विश्व मानक दिवस पर BIS देहरादून का आयोजन, सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने पर जोर

देहरादून। विश्व मानक दिवस 2026 के अवसर पर भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) के देहरादून शाखा कार्यालय की ओर से मोहबेवाला स्थित होटल रीजेंटा में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस वर्ष की थीम ‘सतत विकास लक्ष्य-7: सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा’ रही। कार्यक्रम में उद्योग जगत, औद्योगिक संगठनों, ज्वेलरी क्षेत्र और BIS लाइसेंसधारकों सहित 200 से अधिक लोगों ने प्रतिभाग किया।

कार्यक्रम में देहरादून के महापौर सौरभ थपलियाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जबकि खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की अपर सचिव रुचि मोहन रयाल विशिष्ट अतिथि रहीं। इसके अलावा उद्योग विभाग के संयुक्त निदेशक अनुपम द्विवेदी सहित इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA), इंडस्ट्रीज एसोसिएशन ऑफ उत्तराखंड, PHDCCI और UIWA के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहित करने, ऊर्जा दक्षता बढ़ाने और नवीकरणीय ऊर्जा तकनीकों के उपयोग में भारतीय मानकों की भूमिका के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा। इस दौरान Exide, Microtek, Novateur और Mochiko के विशेषज्ञों ने स्वच्छ एवं किफायती ऊर्जा से जुड़े विभिन्न विषयों पर प्रस्तुतियां दीं। प्रस्तुतियों में ऊर्जा क्षेत्र में गुणवत्ता मानकों के महत्व और पर्यावरण अनुकूल तकनीकों को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर चर्चा की गई।

गुणवत्ता मानकों के प्रसार में योगदान देने वालों का सम्मान

कार्यक्रम के दौरान उद्योग संगठनों, ज्वेलरी एसोसिएशन, प्रमुख BIS लाइसेंसधारकों और मेंटरों को गुणवत्ता पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाने तथा भारतीय मानकों के प्रसार में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर BIS देहरादून शाखा के निदेशक एवं प्रमुख हेमंत आड़े ने ब्यूरो की विभिन्न पहलों की जानकारी दी। उन्होंने अनुपालन प्रक्रियाओं को सरल बनाने, ईज ऑफ कंप्लायंस को बढ़ावा देने और हॉलमार्किंग व्यवस्था में किए जा रहे सुधारों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा करने और उद्योगों में गुणवत्ता मानकों के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने में BIS की महत्वपूर्ण भूमिका है।

कार्यक्रम में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि सस्ती एवं स्वच्छ ऊर्जा तक लोगों की पहुंच बढ़ाने, ऊर्जा संरक्षण को प्रोत्साहित करने और पर्यावरण के अनुकूल तकनीकों के विकास के लिए गुणवत्ता मानकों का प्रभावी क्रियान्वयन आवश्यक है। साथ ही, सतत विकास के लक्ष्यों को हासिल करने में उद्योगों, संस्थानों और मानक निर्धारण से जुड़ी एजेंसियों के आपसी सहयोग को भी महत्वपूर्ण बताया गया।

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